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Center of Excellence in Uttarakhand: राज्य में 679 स्कूल बनने जा रहे हैं 'सेंटर ऑफ एक्सीलेंस', कम छात्र संख्या वाले कई स्कूलों का बंद होना तय

Center of Excellence in Uttarakhand:

 विद्यालय शिक्षा विभाग राज्य में चयनित विद्यालयों में सेंटर ऑफ एक्सीलेंस की स्थापना कर शिक्षा के क्षेत्र में बड़े बदलाव करने की तैयारी में है। सेंटर ऑफ एक्सीलेंस के रूप में विकसित होने वाले 679 उत्कृष्ट बेसिक व जूनियर स्कूलों से उसके पास के 993 स्कूल भी जुड़ेंगे। एक किमी पैदल मार्ग व 5 किमी मोटर मार्ग के दायरे में विकसित होने वाले इन स्कूलों में आने वाले छात्रों को सरकार परिवहन सेवाएं मुहैया कराएगी। अभिभावकों के पास छात्रों के आवागमन के लिए नगद राशि अथवा वाहन की सुविधा का विकल्प उपलब्ध रहेगा। 

 Center of Excellence in Uttarakhand:  राज्य में शीघ्र ही 679 सेंटर ऑफ एक्सीलेंस अस्तित्व में आने वाले हैं। इन्हे आदर्श विद्यालयों के रूप में संचालित किया जाएगा। खासबात यह है की इन विद्यालयों के नजदीकी अन्य 993 विद्यालयों को भी इनसे जोड़ा जाएगा। नजदीकी विद्यालयों के छात्रों को सेंटर ऑफ एक्सीलेंस तक पहुंचाने के लिए परिवहन भत्ते की व्यवस्था की जाएगी। अभिभावकों के पास छात्रों के आवागमन के लिए नगद राशि अथवा वाहन की सुविधा का विकल्प उपलब्ध रहेगा। परिवहन भत्ता चाहने पर हर महीने प्रति बच्चे के खाते में दो-दो हजार रुपये दिए जाएंगे। उत्कृष्ट स्कूल बनाने के फैसले से जहां नौनिहालों को बेहतर शिक्षा मिलेगी, वहीं कम छात्र संख्या वाले स्कूलों के संचालन पर होने वाला खर्च भी बचेगा। छात्र संख्या के अभाव में बंद होने की कगार पर पहुंच चुके विद्यालय बंद हो जाएंगे और इन विद्यालयों में तैनात शिक्षकों को कुछ समय बाद अन्य विद्यालयों में समायोजित किया जाना भी तय माना जा रहा है।

  मुख्य सचिव डॉ. एसएस संधु ने बताया कि इन स्कूलों के उत्कृष्ट स्कूल के रूप में विकसित होने से आसपास के बच्चे भी पढ़ाई के लिए स्कूल आ सकेंगे। पहले चरण में बेसिक के 603 स्कूल और जूनियर स्तर क 76 स्कूलों को उत्कृष्ट स्कूल के रूप में लिया जा रहा है। शिक्षा सचिव रविनाथ रमन ने बताया, उत्कृष्ट स्कूल से जुड़ने वाले स्कूल चलते रहेंगे। जब इनके सभी छात्र उत्कृष्ट स्कूलों में आने जाएंगे, तब उन्हें बंद किया जाएगा। बंद स्कूलों के संसाधनों का उपयोग उत्कृष्ट स्कूलों में किया जाएगा। शिक्षकों के समायोजन या सेवा स्थानांतरण की भी व्यवस्था बनाई जाएगी। 

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