NEET and JEE Free Coaching: राजकीय इंटर कॉलेजों में मेडिकल और इंजीनियरिंग प्रवेश परीक्षा के लिए छात्रों को मिलेगी निःशुल्क कोचिंग, मुख्य विकास अधिकारी और मुख्य शिक्षा अधिकारी टिहरी गढ़वाल ने वर्चुअल बैठक में दिए यह निर्देश
Report by- Sudhanshu Dobhal
![]() |
| मुख्य विकास अधिकारी और मुख्य शिक्षा अधिकारी टिहरी गढ़वाल से प्रतियोगी परीक्षाओं (NEET and JEE) की तैयारी पर ऑनलाइन मार्गदर्शन लेते हुए पीएम श्री राजकीय इंटर कॉलेज ज़ाखणीधार के विद्यार्थी। |
राजकीय माध्यमिक विद्यालयों के कक्षा 11 विज्ञान वर्ग के छात्र-छात्राओं को मेडिकल और इंजीनियरिंग JEE and NEET प्रवेश परीक्षा के लिए प्रतिष्ठित आकाश इंस्टीट्यूट के सहयोग से सुपर 100 कार्यक्रम के तहत राजकीय इंटर कॉलेज में निशुल्क कोचिंग करवाई जाएगी। यह कार्यक्रम अगस्त माह में शुरू किया जाएगा । कार्यक्रम के सफल क्रियान्वयन के लिए मुख्य विकास अधिकारी वरुणा अग्रवाल और मुख्य शिक्षा अधिकारी टिहरी गढ़वाल एसपी सेमवाल ने जनपद के चयनित विद्यालयों के प्रधानाचार्य और छात्रों की वर्चुयल बैठक लेकर विस्तृत दिशा निर्देश दिए हैं।
समग्र शिक्षा के तहत उत्तराखंड के 100 मेधावी छात्रों को मेडिकल और इंजीनियरिंग की तैयारी के लिए JEE and NEET नि:शुल्क कोचिंग दी जाएगी. मेडिकल और इंजीनियरिंग प्रवेश परीक्षाओं की तैयारी करवाने वाले प्रतिष्ठित आकाश इंस्टीट्यूट के सहयोग से राज्य भर में यह कार्यक्रम संचालित किया जाएगा। कार्यक्रम के सफल क्रियान्वयन के लिए टिहरी गढ़वाल में मुख्य विकास अधिकारी सुश्री वरुणा अग्रवाल और मुख्य शिक्षा अधिकारी एसपी सेमवाल ने चयनित राजकीय इंटर कॉलेजों के प्रधानाचार्य और चयनित छात्र-छात्राओं की वर्चुअल बैठक ली। बैठक में जहां मुख्य विकास अधिकारी और मुख्य शिक्षा अधिकारी ने छात्र-छात्राओं का मार्गदर्शन करते हुए इस कार्यक्रम को लेकर उनकी अनेक शंकाओं पर जवाब दिए वहीं प्रधानाचार्यों को विद्यालयों में निशुल्क कोचिंग के लिए हाई स्पीड इंटरनेट, इंटरएक्टिव डिस्प्ले बोर्ड, माइक्रोफोन आदि की उचित व्यवस्था करने के निर्देश दिए हैं। मुख्य विकास अधिकारी ने कहा है कि यह कार्यक्रम वर्चुअल माध्यम में आयोजित किया जाना है इसलिए चयनित मेधावी छात्रों के साथ अन्य छात्र-छात्राएं भी निशुल्क कोचिंग में प्रतिभाग कर सकते हैं।
इस दौरान मुख्य शिक्षा अधिकारी एसपी सेमवाल ने प्रधानाचार्यो को निर्देश दिए हैं कि अगस्त माह में यह कार्यक्रम विद्यालयों में छुट्टी के बाद एक बजे से आरंभ होगा इसके लिए विद्यालय स्तर पर शिक्षकों को रोस्टर के माध्यम से दायित्व सौंपे जायेंगे। जबकि सितंबर माह से निशुल्क कोचिंग विद्यालय संचालन के साथ ही किया जाएगा। उन्होंने सभी प्रधानाचार्य और शिक्षकों को इस कार्यक्रम के लिए छात्रों और अभिभावकों को प्रेरित करने और छात्र छात्राओं को हर प्रकार से सहयोग देने के निर्देश दिए हैं।
![]() |
| विज्ञापन |


Comments
Post a Comment
पोस्ट पर अपने उपयोगी विचार और सुझाव यहाँ कमेंट करें।