आंदोलनरत शिक्षकों पर कर्यवाही करवाने के निर्देशों पर शिक्षक संघ में बढ़ा आक्रोश, शिक्षकों की मांगों के समाधान के बजाय डराने की कोशिश से बिगड़ेंगे हालत, संगठन विरोधी गतिविधियों में शामिल दर्जनों शिक्षकों पर प्रांतीय कार्यकारिणी की सख्त कार्यवाही, इन शिक्षकों को संघ ने किया दो साल के लिए निष्कासित


आंदोलनरत शिक्षकों पर कर्यवाही करवाने के निर्देशों पर शिक्षक संघ में बढ़ा आक्रोश,
सचिव विद्यालयी शिक्षा द्वारा राजकीय शिक्षक संघ के आंदोलनरत शिक्षकों पर कार्यवाही करवाने की निर्देशों पर राज्य के शिक्षकों में जबरदस्त आक्रोश व्याप्त हो गया है। संघ के प्रांतीय अध्यक्ष राम सिंह चौहान और मंत्री रमेश पैन्यूली ने कहा है शिक्षकों की लंबित मांगों के निराकरण के बजाय उनको डराने के प्रयास किए जा रहे हैं जिसका राजकीय शिक्षक संघ कड़ा विरोध करता है। आंदोलन के तीसरे दिन आज संघ विरोधी गतिविधियों में सम्मिलित दर्जनों शिक्षकों पर सख्त कार्यवाही करते हुए प्रांतीय कार्यकारी ने उन्हें संघ की प्राथमिक सदस्यता से 2 साल के लिए बर्खास्त कर ऐसे शिक्षकों को लेकर सख्त संकेत दिए है।

शिक्षकों की मांगों के समाधान के बजाय डराने की कोशिश से बिगड़ेंगे हालत, 
    राजकीय शिक्षक संघ के आवाहन पर शिक्षकों की पदोन्नति और स्थानांतरण की मांग को लेकर तीसरे दिन भी राज्यव्यापी कार्यबहिष्कार जारी रहा। राज्य के अधिकतर विद्यालयों में जहां पठन-पाठन ठप्प रहा वहीं सचिव विद्यालय शिक्षा द्वारा हड़ताली शिक्षकों पर महानिदेशक विद्यालय शिक्षा को कार्यवाही करने के निर्देश ने आग में घी डालने का काम कर दिया। मौजूदा समय में राज्य के करीब 90% विद्यालय प्रधानाचार्य विहीन है। इन विद्यालयों में प्रधानाचार्य की दायित्वों का निर्वहन भी शिक्षक ही कर रहे हैं। आंदोलनरात शिक्षकों पर कार्यवाही के निर्देश के बाद स्थिति सुधरने के बजाय बिगड़ने की संभावना है। जानकारो के मुताबिक संघ के आवाहन पर यदि शिक्षक प्रधानाचार्य के दायित्वों का बहिष्कार कर देते हैं को स्थिति और विकेट हो सकती है।
संगठन विरोधी गतिविधियों में शामिल दर्जनों शिक्षकों पर प्रांतीय कार्यकारिणी की सख्त कार्यवाही, इन शिक्षकों को संघ ने किया दो साल के लिए निष्कासित 




   उधर आंदोलन के तीसरे दिन प्रांतीय कार्यकारिणी ने आज संगठन को कमजोर करने वाले शिक्षकों पर बड़ी कार्यवाही कर सख्त संकेत दिए हैं। संघ विरोधी गतिविधियों में सम्मिलित दर्जनों शिक्षकों को जिला कार्यकारिणी के प्रस्ताव पर संघ की प्राथमिक सदस्यता से 2 साल के लिए निष्कासित कर दिया गया है। प्रांतीय कार्यकारिणी ने कहा है कि संगठन को कमजोर करने वाले शिक्षकों की ऐसी हरकतों को कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। संघ ने निष्कासित किए गए शिक्षकों को राजकीय शिक्षक संघ के आधिकारिक सोशल मीडिया समूहों से तत्काल हटने के लिए कहा है। ऐसे शिक्षक यदि संघ के आधिकारिक समूहों से नहीं हटते तो उन्हें जबरन हटाया जा सकता है। 
19 अगस्त 2025

पदोन्नति और तबादलों सहित विभिन्न मांगों पर कोई कदम नहीं उठाए जाने से नाराज राजकीय शिक्षक संघ की स्कूलों में चॉक डाउन हड़ताल मंगलवार को भी रही। इस हड़ताल में संघ से जुड़े करीब ढा़ई हजार शिक्षक अकेले पौड़ी जिले के शामिल है। राजकीय शिक्षक संघ की चॉक डाउन हड़ताल की वजह से लगातार दूसरे दिन भी स्कूलों में पठन-पाठन प्रभावित रहा। संघ ने मांगों पर कदम नहीं उठाने पर चरणबद्ध आंदोलन की भी चेतावनी दी है।  
      राजकीय शिक्षक संघ गढ़वाल मंडलीय मंत्री हेमंत पैन्यूली ने कहा है कि संघ के आह्वान पर अपनी विभिन्न मांगों के निस्तारण हेतु चाक डाउन हड़ताल के द्वितीय दिवस पर गढ़वाल मंडल के 98% विद्यालय में चाक डाउन /कार्यबहिष्कार का जबरदस्त प्रभाव देखा गया। शिक्षकों के कार्यबहिष्कार के कारण विद्यालय में शैक्षणिक व्यवस्था चरमरा गई है। उन्होंने कहा है कि जब तक शिक्षकों की मांगों का निस्तारण नहीं होता है तब तक यह हड़ताल जारी रहेगी। विगत कई वर्षों से पदोन्नति के लिए आश्वासन पर आश्वासन मिलने के बाद भी अभी तक पदोन्नति नहीं हो पाई। स्थानांतरण प्रक्रिया पर भी कार्यवाही नहीं की जा रही है अंतर मंडल स्थानांतरण से जो शिक्षक छूटे हुए हैं उनके लिए भी आश्वासन दिया गया था की जून की बाद उन्हें तत्काल अपने-अपने मंडलों में स्थानांनतरण किया जाएगा किंतु अगस्त महा समाप्त होने वाला है अभी तक सूची जारी नहीं हुई है। ऐसे ही विभिन्न प्रकरण लंबित पड़े हुए हैं यदि यथाशीघ्र लंबित प्रकरणों पर आदेश जारी नहीं होते हैं तो आंदोलन को और भी तीव्र गति प्रदान की जाएगी। 
राजकीय शिक्षक संघ जनपद टिहरी गढ़वाल के अध्यक्ष दिलबर रावत ने कहा है कि राजकीय शिक्षक संघ ने अपना चरणबद्ध आंदोलन शुरू किया है। जिसमें 25 अगस्त शिक्षक ब्लाक मुख्यालयों पर धरना देंगे।यदि इसके बावजूद साकारात्मक परिणाम नहीं आते तो 27 अगस्त को जिला मुख्यालय और 29 अगस्त को मंडल मुख्यालय पर एक दिवसीय धरने दिए जाएंगे। उधर शिक्षक संघ के आंदोलन को लेकर अनर्गल बयानबाजी करने वाले शिक्षकों पर प्रांतीय, मंडलीय और जनपद कार्यकारियों द्वारा सख्त कार्रवाई करने की चेतावनी दी है।




18 अगस्त 2025: Principal direct recruitment: पदोन्नति और तबादलों में देरी से नाराज राजकीय शिक्षक संघ से जुड़े हजारों शिक्षक सोमवार से चॉक डाउन हड़ताल पर, 
पदोन्नति और तबादलों में देरी से नाराज राजकीय शिक्षक संघ से जुड़े शिक्षक सोमवार से चॉक डाउन हड़ताल पर जाएगा। संगठन के प्रांतीय अध्यक्ष राम सिंह चौहान ने कहा, मांग पर अमल न होने तक आंदोलन जारी रहेगा। दूसरी ओर कुछ शिक्षकों ने प्रधानाचार्य पदों पर सीधी परीक्षा को जनहित एवं छात्रवृत्ति में उचित ठहराते हुए हड़ताल का विरोध भी शुरू कर दिया है। 
राजकीय शिक्षक संघ के प्रांतीय अध्यक्ष के मुताबिक पदोन्नति न होने से शिक्षक एक ही पद से सेवानिवृत्त हो रहे हैं। प्रधानाचार्य के शत प्रतिशत पदों को पदोन्नति से भरा जाए। उन्होंने यह भी कहा कि तबादला सत्र में सभी विभागों में कर्मचारियों, अधिकारियों के तबादले हुए, लेकिन शिक्षा विभाग को छोड़ दिया गया।
तबादले न होने से कई शिक्षक पिछले 20 से 25 साल से दुर्गम और अति दुर्गम क्षेत्र के विद्यालयों में तैनात हैं। जो तबादला एक्ट बनने के बाद भी सुगम क्षेत्र के स्कूलों में नहीं आ पा रहे हैं। संगठन के प्रांतीय अध्यक्ष ने कहा, शिक्षकों पर हड़ताल न करने के लिए दबाव बनाया जा रहा है, लेकिन शिक्षक आंदोलन से पीछे नहीं हटेंगे। 
  दूसरी ओर प्रवक्ता संवर्ग के कुछ शिक्षकों ने अपने ही संगठन राजकीय शिक्षक संघ के आंदोलन का विरोध करना शुरू कर दिया है। प्रधानाचार्य सीधी भर्ती को विद्यालय और छात्रहित में उचित मानते हुए उन्होंने सीधी भर्ती परीक्षा का समर्थन करते हुए हड़ताल में शामिल न होने का आवाहन किया है।

जनपद कार्यकारिणी टिहरी गढ़वाल ने आंदोलन के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए की तैयारी
 राजकीय शिक्षक संगठन टिहरी गढ़वाल में अध्यक्ष दिलबर सिंह रावत और मंत्री बुद्धि प्रसाद भट्ट ने सभी ब्लॉक कार्यकारिणियों को पत्र प्रेषित कर आंदोलन की प्रभावी क्रियान्वयन की अपील की है। संघ के जिलाध्यक्ष दिलबर रावत ने कहा है कि प्रांतीय और मंडलीय कार्यकारिणी से मिले नर्देशों के अनुपालन में "शीघ्र शतप्रतिशत पदोन्नति एंव वार्षिक स्थानान्तरण" जैसी लम्बित मांगों के समर्थन में राजकीय शिक्षक संघ का 11 अगस्त से प्रारम्भ होने वाला चरणबद्ध आन्दोलन जो कि धराली आपदा के कारण स्थगित किया गया था, अब 18 अगस्त से निम्नानुसार प्रारम्भ किया जाना है।
  •  दि० 18 अगस्त, 2025 से 24 अगस्त, 2025 विद्यालय स्तर पर चॉक डाउन।
  •  दि० 25 अगस्त, 2025 ब्लॉक मुख्यालय पर एक दिवसीय धरना प्रदर्शन।
  •  दि० 27 अगस्त, 2025 जिला मुख्यालय पर एक दिवसीय धरना प्रदर्शन।
  •  दि० 29 अगस्त, 2025 मण्डल मुख्यालय पर एक दिवसीय धरना प्रदर्शन।
  •  दि० 01, सितम्बर से 09 सितम्बर, 2025 तक शिक्षा निदेशालय पर जनपदवार धरना प्रदर्शन। इस कम में जनपद टिहरी व जनपद चम्पावत के शिक्षक सामुहिक रूप से दिनांक 02 सितम्बर, 2025 को प्रतिभाग करेंगें।
  • इस अवधि में कोई भी सदस्य किसी प्रकार के प्रशिक्षण एंव खेल प्रतियोगिता में प्रतिभाग नहीं करेगा।
  • समस्त ब्लॉक कार्यकारिणियां उक्त चॉक डाउन आन्दोलन की सूचना पत्र के माध्यम से लिखित रूप में अनिवार्यतया अपने खण्ड शिक्षा अधिकारी को देगें।
  • इसी कम में जिला कार्यकारिणी आन्दोलन की सूचना पत्र के माध्यम से लिखित रूप में अनिवार्यतया अपने मुख्य शिक्षा अधिकारी को देगें।

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