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NEP- 2020: उत्तराखंड के स्कूली छात्र बनेंगे अब इतिहासकार, NEP-2020 के तहत अपने गांव और क्षेत्र का लिखेंगे इतिहास

प्राचार्य डायट, डा हेमलता भट्ट
Himwant Educational News: उत्तराखंड विद्यालयी शिक्षा विभाग छात्रों में लेखन, रचनात्मकता एवं शोध की प्रवृत्ति को विकसित करने के लिए अनोखी पहल शुरू करने जा रहा है। जी हां राष्ट्रीय शिक्षा नीति यानी NEP 2020 के तहत अब उत्तराखंड की स्कूली बच्चे अपने गांव और क्षेत्र का इतिहास लिखेंगे। इस पहल का मुख्य उद्देश्य बच्चों में ऐतिहासिक तथ्यों के संकलन और लेखन की क्षमता का विकास तो होगा ही साथ ही बच्चों में रचनाशीलता भी बढ़ेगी। 
    जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान नई टिहरी की प्राचार्य डा हेमलता भट्ट ने कहां है कि जनपद के विद्यालयों में राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के अध्याय-07 टास्क संख्या-207 में दिए गए प्रावधान के अंतर्गत जनपद के विद्यालयों में अध्ययनरत कक्षा-06 से 12 तक के विद्यार्थियों में इतिहास विषय की महत्ता और इतिहास को लिखे जाने की प्रक्रिया को समझने के लिए प्रत्येक छात्र द्वारा अपने विद्यालय, गांव, कस्बे, क्षेत्र के मानचित्र एंव इतिहास (स्थापना दिवस, प्रथम संस्थाध्यक्ष, शिक्षक, विशिष्ट पूर्व छात्रों के विवरण सहित) आदि का एक दस्तावेज तैयार किया जाना है।
    विद्यार्थियों से उक्त दस्तावेज़ तैयार करवाकर विद्यालय स्तर पर दो सर्वश्रेष्ठ दस्तावेज / लेख (फोटोग्राफ सहित- अधिकतम पांच) को विकासखण्ड स्तर पर संकलित किया जायेगा। तदोपरान्त विकासखण्ड स्तर पर समिति के माध्यम से तीन सर्वश्रेष्ठ लेखों का चयन करते हुए जनपद स्तर पर प्रेषित किया जाएगा तथा जनपदों द्वारा प्रत्येक विकासखण्ड से प्राप्त लेखों में से सर्वश्रेष्ठ लेख का चयन कर एन.ई.पी. प्रकोष्ठ, एस.सी.ई.आर.टी. उत्तराखण्ड को उपलब्ध करवाया जायेगा। उन्होंने सभी सभी खंड शिक्षा अधिकारियों और विद्यालयों के संस्थाध्यक्षों को टास्क के प्रभावी क्रियान्वयन हेतु कार्यवाही करने की निर्देश दिए हैं। 

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