Skip to main content

जाखणीधार ब्लॉक से हेल्थ ऐंड वेलनेश एम्बेस्डर्स प्रशिक्षण के दूसरे दिन शिक्षक सुनील डंगवाल ने प्रस्तुत की सुंदर आख्या।


 स्कूल हेल्थ पोरोग्राम के तहत डाइट नई टिहरी से संचालित ऑनलाइन प्रशिक्षण के दूसरे दिन विकासखण्ड जाखणीधार के 81 शिक्षकों ने वेलनेस एम्बेस्डर्स के रूप में प्रशिक्षण प्राप्त किया। यह प्रशिक्षण कार्यक्रम जिले के सभी विकासखंडों में 30 दिसम्बर तक चलेगा। प्रशिक्षण आरंभ होने से पूर्व मास्टर ट्रेनर्स व प्रतिभागी शिक्षकों ने डाइट प्राचार्य सीपी नौटियाल के पिता के निधन पर शोक संवेदनाये व्यक्त की हैं।

      आयुष्मान भारत के अंतर्गत इन दिनों जिले के  प्रत्येक विद्यलयो में दो दो शिक्षक हेल्थ ऐंड वेलनेश एम्बेस्डर्स के रूप में प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे हैं। पांच दिवसीय यह प्रशिक्षण 30 डिबार तक जिले के सभी विकासखंडों में चलेगा। आज प्रशिक्षण आरम्भ होने से पूर्व मास्टर ट्रेनर्स सुशील डोभाल, मनमोहन कठैत, राकेश शाह और प्रवेश जोशी सहित प्रतिभागी शिक्षकों ने डाइट नई टिहरी के प्राचार्य सीपी नौटियाल के पिता के निधन पर शोक संवेदनाये व्यक्त की। प्रशिक्षण कार्यक्रम पर आज की आख्या शिक्षक सुनील डंगवाल ने निम्नवत प्रस्तुत की है।

शिक्षक सुनील दत्त डंगवाल की प्रस्तुति- 

    आयुष्मान भारत के अंतर्गत 26 से 30 दिसम्बर 2020 तक चलने वाली *स्वास्थ्यदूत* ऑनलाइन कार्यशाला का आज द्वितीय दिवस रहा,जिसके प्रथम सत्र *पारस्परिक सम्बन्ध* का संचालन श्री राकेश शाह सन्दर्भदाता महोदय द्वारा ठीक 11 बजे प्रारम्भ कर दिया गया। इसमें अधिकांश प्रतिभागियों ने समयप्रबन्धन के महत्व को समझते हुए नियत समय पर अपनी उपस्थिति सुनिश्चित की।

      इस सत्र में सन्दर्भदाता श्री शाह द्वारा स्वस्थ पारस्परिक सम्बन्धों की स्थापना हेतु सहानुभूति, समानुभूति, सकारात्मक व नकारात्मक सम्बन्ध,मजबूत नातेदारी/सम्बंध स्थापित करने के उपाय, कटुसम्बंध, सम्प्रेषण-कौशल, सम्प्रेषण-कौशल के प्रकार में-उदासीन,उग्र और मुखर सम्प्रेषण को भली प्रकार से रखा और विभेदित किया गया। साथ ही सामंजस्यपूर्ण सम्बंध तथा समस्या-समाधान  के चरणों पर विस्तारपूर्वक चर्चा-परिचर्चा करवाई गई।

    सन्दर्भदाता श्रीशाह द्वारा उक्त बिन्दुओं के विस्तीर्ण विवेचन हेतु विभिन्न गतिविधियों का वाचनकर पर्याप्त द्विपक्षीय क्रिया-प्रतिक्रियाएं भी पूरे सत्रकाल के दौरान आमंत्रित की जाती रहीं। सत्र में उपस्थित विभिन्न प्रतिभागियों के साथ ही साथ सर्वश्री/श्रीमती संगीता पंवार,यशपालसिंह, दिनेश बिष्ट, प्रीति थपलियाल, प्रमोद रावत और नरेशमोहन जोशी ने विभिन्न बिंदुओं पर बहस में खूब बढ़चढ़कर हिस्सेदारी की। साथ ही ठीक 12 बजे सन्दर्भदाता महोदय द्वारा सत्र समाप्ति की घोषणा के साथ ही भोजनावकाश की घोषणा भी कर दी गई।

 भोजनावकाश के बाद द्वितीय सत्र में अधिकतर उत्साही साथी पूर्व निर्धारित समय 2 बजे अपराह्न से पहले ही उपस्थित हो गए। इस सत्र में सन्दर्भदाता        श्रीमनमोहनसिंह कठैत ने *मूल्य एवं नागरिकता* मॉड्यूल के तहत मूल्य आधारित गतिविधियां और उनके अनुप्रयोगों से रू-ब-रू कराते हुए नकारात्मक व सकारात्मक मूल्य, मूल्य आधारित निर्णय, समवयस्क समूह में मूल्य सम्बन्धी दबाव, दुविधा की स्थिति में मूल्यों से मिलने वाली सुरक्षा आदि पर गम्भीर विचारविमर्श  करवाने में महत्वपूर्ण भूमिका का निर्वहन किया। इस दौरान प्रतिभागी श्री सुनीलदत्त डंगवाल ने समस्याओं के समाधान में कारगर *'POWER'* मॉडल का विस्तृत वर्णन किया।

     अंत में सन्दर्भदाता महोदय द्वारा उदघाटित किया गया कि संवेदनशीलता ही प्रस्तुत मॉड्यूल  की आत्मा है, के तहत संवेदनशीलता बनाम स्वभाव, सक्रिय नागरिकता परियोजना तथा दिव्यांगता के प्रति संवेदनशील होने के लिये कुछ जरूरी गतिविधियों पर विस्तारपूर्वक चर्चा की। प्रथम सत्र की भांति ही समस्त प्रतिभागियों के साथसाथ इस सत्र में भी सर्वश्री/श्रीमती संगीता पंवार,प्रमोद रावत, यशपालसिंह, रेखा कुकरेती, ओमप्रकाश बिजल्वाण, अनु उनियाल, दिनेश रावत, विवेकचन्द, सुनीता सजवाण तथा नेहा शर्मा ने विभिन्न बिंदुओं पर प्रदत्त अपनी प्रतिक्रियाओं/टिप्पणियों से विमर्श को अत्यधिक सरस व जीवन्त बना दिया। 

     तत्पश्चात सन्दर्भदाता महोदय द्वारा 3:30बजे अपराह्न के बाद वर्तमान सत्र और आज के कार्यक्रम की समाप्ति की घोषणा कर दी। साथ ही सभी प्रतिभागियों ने अलविदा ली।

साभार- सुनीलदत्त डंगवाल

Comments

  1. डंगवाल सर आपके द्वारा बहुत ही सुन्दर
    आख्या प्रस्तुत की गई है। धन्यवाद।

    ReplyDelete

Post a Comment

पोस्ट पर अपने उपयोगी विचार और सुझाव यहाँ कमेंट करें।

Popular posts from this blog

School prayer: स्कूल के लिए 20 प्रसिद्ध प्रार्थना, जो बना देंगी विद्यार्थियों का जीवन सफल

भारतीय संस्कृति में प्रार्थना का अहम स्थान हैं। प्रत्येक कार्य के आरंभ में ईश्वर से उस कार्य की सिद्धि हेतु हम सभी प्रार्थना करते हैं। प्रार्थना के बाद ही सभी कार्य आरंभ किये जाते हैं. बच्चें भी जब विद्या अध्ययन के लिए विद्यालय जाते है तो पठन पाठन से पूर्व वे प्रार्थना सभा में ईश्वर से प्रार्थना करते हैं। प्रार्थना से मन व ह्रदय को मजबूती तो मिलती ही है साथ ही यह संसार के रचयिता परम शक्ति सम्पन्न ईश्वर को धन्यवाद अर्पित कर कृतज्ञता प्रकट करने का भी एक माध्यम है। ईश्वर की प्रार्थना से ही मन स्थिर होता है। जिसके कारण बच्चे पढाई मे ज्यादा ध्यान लगा पाते है। सुबह की प्रर्थना आपके पूरे दिन को सकारत्मक बनाती है, ऐसा माना जाता है कि प्रार्थना किसी ‘महान शक्ति’ से सम्बन्ध जोड़ने का एक उचित माध्यम है।    इस लेख मे हम भारत के अधिकांश विद्यालयो मे आयोजित होने वाली इन 20 प्रार्थनाओं पर नजर डालेंगे। स्कूलों के लिए प्रर्थना का यह संकलन आपको कैसा लगा, कृपया कमेंट बॉक्स में अपने सुझाव अवश्य कमेंट करें।

PPC 2026: स्कूल प्रमुख 31 दिसंबर तक सभी छात्रों, शिक्षकों और अभिभावकों से परीक्षा पर चर्चा के लिए करवा लें रजिस्ट्रेशन, वरना होगी यह कार्यवाही, SCERT ने जारी किए निर्देश

  PPC 2026 Certificate will be available here from 12th January 2026 . Photographs of various PPC 2026: यहां करें रजिस्ट्रेशन Pariksha Pe Charcha 2026 प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी  के लोकप्रिय कार्यक्रम  Pariksha Pe Charcha 2026  परीक्षा पर चर्चा 2026 के लिए अधिकारियों द्वारा बार बार निर्देशित करने के बाद भी छात्रों का पंजीकरण न किए जाने पर SCERT उत्तराखंड द्वारा सख्त नाराजगी व्यक्त की गई है। निदेशक अकादमी शोध एवं प्रशिक्षण वंदना गर्ब्याल ने शीतकालीन अवकाशों को ध्यान में रखते हुए 31 दिसंबर तक निर्धारक लक्ष्य के अनुसार छात्रों, अभिभावकों और शिक्षकों का पंजीकरण करने  के निर्देश देते हुए राष्ट्रीय महत्व के इस कार्यक्रम में उदासीनता बरतने वाले विद्यालय प्रमुखों पर कार्यवाही की चेतावनी दी है।  Participate Here PPC 2026 Certificate will be available here from 12th January 2026 . Photographs of various activities   सभी जिलों के मुख्य शिक्षा अधिकारियों को निर्देशित करते हुए  निदेशक अकादमिक शोध एवं प्रशिक्षण वंदना गर्ब्याल ने कहा है कि परीक्षा पे चर्चा ...

Pariksha Pe Charcha 2026: परीक्षा पर चर्चा कार्यक्रम के लिए तुरंत कर ले ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन, इस बार टूट जाएगा पिछला रिकॉर्ड, अब तक हो चुके हैं लाखों रजिस्ट्रेशन

Pariksha Pe Charcha 2026 Pariksha Pe Charcha 2026: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से स्टूडेंट्स के संवाद के लिए परीक्षा पे चर्चा 2026 PPC 2026 के लिए रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है. अगर आप स्टूडेंट, पैरेंट या टीचर है और आपने अभी तक इसके लिए आवेदन नहीं किया है तो आप 11 जनवरी तक ऑफिशियल वेबसाइट innovateindia1.mygov.in पर जाकर रजिस्ट्रेशन करवा सकते हैं. यह परीक्षा पे चर्चा का 9वां संस्करण है और भारत सरकार ने इसके लिए रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया 1 दिसंबर 2025 से शुरू कर दी है। इसबार दो सप्ताह में ही रजिस्ट्रेशन के पिछली बार के सारे रिकॉर्ड टूट चुके है।  PPC 2026: स्कूल प्रमुख 31 दिसंबर तक सभी छात्रों, शिक्षकों और अभिभावकों से परीक्षा पर चर्चा के लिए करवा लें रजिस्ट्रेशन, वरना होगी यह कार्यवाही, SCERT Uttarakhand ने जारी किए निर्देश- Pariksha Pe Charcha 2026 के लिए कैसे करवाएं रजिस्ट्रेशन? ऑनलाइन आवेदन करने के लिए उम्मीदवार नीचे दिए गए आसान से स्टेप्स को फॉलो कर सकते हैं-  ऑफिशियल वेबसाइट innovateindia1.mygov.in पर जाएं।  होम पेज पर उपलब्ध 'परीक्षा पे चर्चा 2026' के रजिस्ट्...