छात्रों की APAAR ID बनाने में उदासीनता बरतने पर वार्षिक गोपनीय आख्या में लिया जाएगा संज्ञान, महानिदेशक विद्यालय शिक्षा ने दिए निर्देश
महानिदेशक विद्यालय शिक्षा और राज्य परियोजना निदेशक समग्र शिक्षा आकांक्षा कोंडे (IAS) ने स्कूली विद्यार्थियों की APAAR ID अपार आईडी बनाने की धीमी प्रगति पर नाराजगी व्यक्त की है। उन्होंने कहा है कि विद्यालय से लेकर जनपद स्तर तक अपार आईडी जेनरेशन की प्रगति की नियमित समीक्षा की जाए। इस कार्य में उदासीनता बरतने पर संबंधितों की वार्षिक गोपनीय आख्या में संज्ञान लिया जाएगा।
सभी जिलों के मुख्य शिक्षा अधिकारियों को निर्देशित करते हुए उन्होंने कहा है कि उपर्युक्त विषयक आप अवगत हैं कि "One Nation, One Student ID" कार्यक्रम के अन्तर्गत स्कूल शिक्षा एवं साक्षरता विभाग, शिक्षा मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा प्रत्येक छात्र-छात्रा हेतु एक स्थाई विशिष्ट 12 अंकीय APAAR ID (Automated Permanent Academic Account Registry) UDISE Potal के माध्यम से सृजित किये जाने हेतु सुविधा प्रदान की जा रही है। इस हेतु राज्य परियोजना कार्यालय द्वारा समय-समय पर जनपदों को विभिन्न पत्रों तथा समीक्षा बैठकों के माध्यम से शत-प्रतिशत छात्रों की APAAR ID सृजित किये जाने हेतु निर्देशित किया गया। साथ ही जनपदों द्वारा लक्ष्य की प्राप्ति समय पर हो सके इसके लिए Action Plan भी राज्य परियोजना कार्यालय द्वारा सभी जनपदों को प्रेषित किया गया है, परन्तु निरंतर निर्देशों के बावजूद अद्यतन केवल 70.47 प्रतिशत छात्र-छात्राओं की ही APAAR ID सृजित हो पाई है, जिससे प्रतीत होता है कि उक्त प्रकरण पर गंभीरतापूर्वक कार्य नही किया जा रहा है।
उक्त के कम मे आपको निर्देशित किया जाता है कि प्रत्येक जनपद द्वारा APAAR ID के शत-प्रतिशत लक्ष्य को अनिवार्यतः प्राप्त किया जाना है। जनपदों में अध्ययनरत् छात्र-छात्राओं की अपार आई. डी. सृजन प्रक्रिया का संज्ञान प्रत्येक अधिकारी की वार्षिक गोपनीय आख्या 2026-27 में अनिवार्य रूप से लिया जाएगा। अतः कार्य की महत्ता के दृष्टिगत विद्यालय / विकासखण्ड / जनपद स्तर पर निरन्तर समीक्षा करते हुए तदनुसार कार्यवाही करना सुनिश्चित करें।
Himwant Educational News:
राष्ट्रीय शिक्षा नीति के तहत शैक्षणिक संस्थानों में पढ़ने वाले विद्यार्थियों को विशेष पहचान प्रणाली से जोड़ा जाएगा। सरकार प्रत्येक विद्यार्थी को अपार (ऑटोमेटेड परमानेंट एकेडमिक अकाउंट रजिस्ट्री) आईडी प्रदान करेगी।
APAAR IDअपार आईडी का मतलब विद्यार्थियों को 12 अंकों का स्थायी पहचान नंबर प्रदान करना है, जिसके माध्यम से उनकी संपूर्ण शैक्षणिक उपलब्धियों को एक ही स्थान पर समेकित करते हुए राष्ट्रीय स्तर पर ट्रेकिंग सुविधा से जोड़ा जा सके। यह नंबर बचपन से लेकर पढ़ाई खत्म होने तक रहेगा। स्कूल बदलने पर भी अपार आईडी नई विद्यालय में स्थानांतरित हो जाएगी।
अपार को एकेडमिक बैंक ऑफ क्रेडिट से लिंक किया जा सकता है, जिससे राज्य या अन्य राज्यों में स्कूल बदलने पर केवल अपार आईडी साझा करने से उसका शैक्षणिक डाटा नए विद्यालय स्वत ही ट्रांसफर हो जाएगा। उत्तराखंड समग्र शिक्षा के अपर निदेशक डॉ. मुकुल नि कुमार सती की ओर से समग्र शिक्षा के जिला परियोजना अधिकारियों को पत्र जारी कर छात्र-छात्राओं को अपार आईडी बनाने के लिए त जागरूक करने को कहा गया है।
APAAR ID के लिए इस Format पर लें अभिभावकों की सहमति

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