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पं. दीन दयाल उपाध्याय सेवा प्रतिष्ठान ने समाज और राष्ट्र सेवा के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्यों के लिए पूर्वसैनिक और समाज सेवी देवेंद्र डोभाल को किया सम्मानित।


पूर्व सैनिक और समाज सेवी देवेंद्र डोभाल
जनपद टिहरी गढ़वाल के ग्राम जखंड निवासी पूर्व सैनिक एवं समाजसेवी देवेंद्र डोभाल को पंडित दीनदयाल उपाध्याय सेवा प्रतिष्ठान द्वारा समाज सेवा एवं राष्ट्रहित में उत्कृष्ट योगदान के लिए सम्मानित किया गया है। भारतीय सेना में सराहनीय योगदान के बाद सेवानिवृत्त हुए देवेंद्र डोभाल समाज एवं राष्ट्रहित के लिए समर्पित है। उनको सम्मानित किए जाने पर उनके गांव जखंड सहित उत्तराखंड के समस्त डोभाल वंशजों में हर्ष का माहौल व्याप्त है।
भारतीय सेना में दिया सराहनीय योगदान
  टिहरी जिले के कीर्तिनगर क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम जखंड में 1973 में जन्मे देवेंद्र डोभाल ने अपने गांव से स्कूली शिक्षा हासिल करने के बाद हेमवती नंदन बहुगुणा गढ़वाल विश्वविद्यालय श्रीनगर से स्नातक परीक्षा पास की। देश के लिए कुछ करने के जज्बे ने उन्हें भारतीय सेना का हिस्सा बनने के लिए प्रेरित किया और 1990 में वह जाट रेजीमेंट में भर्ती हो गए। भारतीय सेना में 20 साल तक उन्होंने विभिन्न मोर्चों पर सराहनीय योगदान दिया। इस दौरान श्रीलंका में एलटीटीई के विरुद्ध होने वाले ऑपरेशन के साथ ही कारगिल युद्ध में भी उन्होंने सराहनीय योगदान दिया। सेवाकाल में इंडियन मिलिट्री ट्रेनिंग टीम के सदस्य के रूप में उन्होंने भूटान आर्मी को भी प्रशिक्षण दिया। वर्ष 2010 में भारतीय सेना से सेवानिवृत्त के बाद वह समाज सेवा और राष्ट्रहित में समर्पित हो गए। 
कोविड महामारी के दौरान मानवता की पेश की अनूठी मिसाल
   वैश्विक महामारी कोविड-19 के दौरान संक्रमण से अपने प्राणों की परवाह किए बिना उन्होंने 14 शवों का अंतिम संस्कार कर उन्होंने न केवल मानवता का शानदार उदाहरण प्रस्तुत किया बल्कि इस दौरान महीनो तक रेलवे मैदान शाहनगर में 800 लोगों को भोजन भी उपलब्ध करवाया। 
सनातन की रक्षा का भी लिया है संकल्प
   देवेंद्र डोभाल सनातन धर्म की रक्षा के लिए भी हमेशा तत्पर रहते हैं। उन्होंने अभी तक आठ अवैध मजारों को ध्वस्तु करवाने के साथ ही दो अवैध चर्चों को भी प्रशासन से सील करवाया है। सामाजिक कार्यकर्ता पान सिंह रावत के साथ मिलकर उन्होंने देहरादून के नवादा में स्थित मस्जिद के लाउडस्पीकरों को भी उतरवाया है। यही नहीं, इनके द्वारा 11 हिंदू बालिकाओं को जेहादियों से बचाकर घर वापसी करते हुए उनकी शादियां करवाई जा चुकी हैं। 
पूर्व सैनिकों के हितों के लिए भी हैं तत्पर
   राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के कार्यकर्ता होने के नाते देवेंद्र डोभाल हर सामाजिक मुद्दे पर अपना सक्रिय योगदान देते रहे हैं। वर्तमान समय में वह राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के संगठन ''अखिल भारतीय पूर्व सैनिक सेवा परिषद'' के प्रदेश महासचिव है और पूर्व सैनिकों के हितों के लिए भी निरंतर कार्य कर रहे हैं। अभी तक उनके द्वारा 30 से अधिक सेवारत और पूर्व सैनिकों की भूमि संबंधी विवादों का निस्तारण करवाया जा चुका है। 
    पंडित दीनदयाल उपाध्याय सेवा प्रतिष्ठान द्वारा उन्हें समाज सेवा एवं राष्ट्रहित में उत्कृष्ट योगदान के लिए सम्मानित किए जाने पर उनके परिवार और उनके मूल गांव जखंड सहित समस्त डोभाल वंशजों में खुशी का माहौल व्याप्त है। डोभाल वंशावली के वरिष्ठ सदस्य और संरक्षक सुशील चंद्र डोभाल ने पूर्व सैनिक और समाज सेवी देवेंद्र डोभाल की इस उपलब्धि पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए उन्हें बधाई और शुभकामनाएं दी हैं। उन्होंने कहा है कि देवभूमि उत्तराखण्ड में सनातन धर्म, भारतीय संस्कृति एवं सामाजिक समरसता के संरक्षण, संवद्धन के लिए देवेंद्र डोभाल का कार्य प्रेरणादाई और प्रशंसनीय है।  

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  1. बहुत बहुत बधाई एवं शुभकामनाएं

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