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School Education Uttarakhand: विद्यांजली पोर्टल पर विद्यालयों से शीघ्र अपलोड करवाएं अपनी आवश्यकताओं की मांग। राज्य परियोजना निदेशक समग्र शिक्षा बंशीधर तिवारी ने समीक्षा बैठक में दिए निर्देश।

 राज्य परियोजना निदेशक बंशीधर तिवारी ने राज्य के सभी विद्यालयों को विद्यांजलि पोर्टल पर अपनी आवश्यकताओं को शीघ्र अपलोड करने के निर्देश दिए दिए हैं। उन्होंने दोनों मंडल और सभी जनपदों के शिक्षा अधिकारियों को यू डाइस+ पर भी तुरन्त सूचनाएं दर्ज करवाने के निर्देश दिए हैं।     राज्य परियोजना निदेशक निर्देशन  समग्र शिक्षा बंशीधर तिवारी ने निदेशालय के सभागार में निदेशक माध्यमिक शिक्षा उत्तराखण्ड आरके कुंवर एवं अपर राज्य परियोजना निदेशक डाॅ मुकुल कुमार सती की उपस्थिति में विद्यालयी शिक्षा विभाग उत्तराखण्ड एवं समग्र शिक्षा उत्तराखण्ड से सम्बन्धित कई बिन्दुओं पर समीक्षा बैठक ली। इस बैठक में मंडल व जनपद स्तरीय समस्त अधिकारियों ने ऑनलाईन प्रतिभाग किया। बैठक में जनपदवार विभिन्न योजनाओं एवं क्रिया-कलापों की समीक्षा की गयी। विद्यालयों से आंकड़ों के सन्दर्भ में जनपदों को अवगत कराया गया कि आंकड़े 31 मई 2022 तक अपलोड किये जाने हैं जबकि अभी तक केवल राज्य स्तर पर 78 प्रतिशत तक ही विद्यालयों के आंकड़े अपलोड हुए है। यू-डायस+ पर भी अभी तक विद्यालयो के आंकडे अपलोड नही किये जा सके है। बैठक में व...

Child cabinet: उत्कृष्ट विद्यालय जाखणीधार में बाल संसद का हुआ गठन, आयुष कुड़ियाल बने प्रधानमंत्री, बाल संसद ने विद्यालय विकास में सक्रिय योगदान का दिया आश्वासन

टिहरी जिले के अटल उत्कृष्ट राजकीय इंटर कॉलेज जाखिणीधार में विभागीय निर्देशों पर आज छात्र संसद का गठन किया गया। इस दौरान विद्यालय के शिक्षकों ने छात्र संसद के पदाधिकारियों को उनके दायित्व और कर्तव्यों की जानकारी देते हुए उन्हें भविष्य में एक जिम्मेदार नागरिक के रूप में स्वयं को तैयार करने का आवाहन किया। इस दौरान छात्र-छात्राओं में काफी उत्साह देखा गया।   'हिमवंत' ई-पत्रिका से जुड़ने और अपनी लेख प्रकाशित करने के लिए यहां क्लिक करें।      विभागीय निर्देशों के तहत आज अटल उत्कृष्ट राजकीय इंटर कॉलेज जाखणीधार टिहरी गढ़वाल में छात्र संसद का गठन किया गया। इस अवसर पर विद्यालय के समस्त छात्र छात्राओं ने सर्वसम्मति से छात्र संसद की पदाधिकारियों का चयन किया। मनोनीत कैबिनेट के पदाधिकारियों को प्रवक्ता राजनीति विज्ञान योगेश सकलानी द्वारा पद एवं गोपनीयता की शपथ ग्रहण करवाई गई। इस अवसर पर प्रधानाचार्य लक्ष्मी प्रसाद डोभाल प्रवक्ता चंदन सिंह असवाल, सुशील डोभाल, जयवीर सिंह कौशल, कपिलदेव उनियाल, कपिलदेव सेमवाल, शिक्षक दिनेश डंगवाल, पंकज डंगवाल, दिनेश रावत, शीशराम पालीवाल आदि ने नवनियुक्...

World No-Tobacco Day: विश्व तम्बाकू निषेध दिवस पर ऑनलाइन शपथ कार्यक्रम में यहां करें प्रतिभाग, सभी प्रतिभागियों को मिलेगा आकर्षक शपथ प्रमाण-पत्र

तंबाकू का सेवन जानलेवा हो सकता है। ये जानते हुए भी दुनियाभर में बड़ी संख्या में लोग किसी न किसी रूप में तंबाकू (बीड़ी, सिगरेट, गुटखा आदि) का सेवन कर रहे हैं और तम्बाकू के सेवन से कई जानलेवा बीमारियों से ग्रसित हो रहे हैं। इसीलिए लोगों को तंबाकू के सेवन से रोकने और उससे होने वाले नुकसान के प्रति जागरूक करने के लिए हर साल 31 मई को दुनियाभर में विश्व तंबाकू निषेध दिवस यानी वर्ल्ड नो टोबैको डे मनाया जाता है।    इस दिन विश्वभर में तम्बाकू के सेवन को रोकने के लिए अनेक कार्यक्रम आयोजित किये जाते हैं। इसीक्रम में विद्यालयी शिक्षा विभाग के निर्देशों के तहत समस्त छात्र-छात्राओं, शिक्षकों और आमलोगों द्वारा तम्बाकू निषेध दिवस पर शपथ ली जानी है। विश्व तम्बाकू निषेध दिवस पर विद्यालयी शिक्षा विभाग के लिए अटल उत्कृष्ट राजकीय इंटर कॉलेज जाखणीधार टिहरी गढ़वाल द्वारा ऑनलाइन शपथ कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है।  प्रतिभागी यहां अपनी सूचनाएं दर्ज कर शपथ लेते हुए शपथ प्रमाण पत्र प्राप्त कर सकते हैं।  शपथ लेने और प्रमाण-पत्र प्राप्त करने के लिए यहां दर्ज करें अपना विवरण Loading… प्रतिभागिय...

Black Tajmahal: शाहजहां के काले ताजमहल की वसीयत पर भारी न पड़ती औरंगजेब की चालाकी, तो यहां होते दो ताजमहल

दुनिया के सात अजूबों में से एक आगरा का ताजमहल भला किसको आकर्षित नही करेगा। सफेद संगमरमर से बनी इस खूबसूरत इमारत के दुनियाभर के लोग दीवाने हैं, और दुनियां जानती है कि मुगल बादशाह शाहजहां ने अपनी बेगम मुमताज की याद में ताजमहल बनाया था। सफेद ताजमहल के बारे में तो हर किसी को पता है, लेकिन क्या आपने कभी उस काले ताज महल के बारे में सुना है जिसे बनवाना शाहजहां का सपना ही रह गया था।     यमुना के दूसरे छोर पर एक और ताजमहल जिसका रंग था काला, और शाहजहां ने अपनी वसीयत में इसका जिक्र किया है। दरअसल यह काला ताजमहल केवल शाहजहां की कल्पनाओं में ही सिमट कर रह गया। इस काले ताजमहल को लाचार शाहजहां के बेटे औरंगजेब ने कभी बनने ही नही दिया। शाहजहां की वसीयत के मुताबिक काला ताजमहल काले संगमरमर का बना एक मकबरा होता। कहा जाता है कि ताजमहल के ठीक सामने यमुना नदी के दूसरी तरफ यह काला ताजमहल बनाया जाना था। शाहजहां ने अपनी पत्नी मुमताज से कहा भी था कि वह उनके पास ही अपना मकबरा बनवाऐंगे। इसका जिक्र शाहजहां की अंतिम वसीयत में किया गया है।   औरंगजेब के बारे में पूरी दुनिया जानती है कि वह बेहद क्रूर शा...

Inspire Award MANAK 2022-23 हेतु 5 छात्र-छात्राओं के नामांकन के पूर्व तैयारी की सूचना यहां करें दर्ज-

 समस्त उच्च प्राथमिक एवं माध्यमिक विद्यालयों की संस्थाध्यक्ष इंस्पायर अवार्ड मानक कार्यक्रम में प्रत्येक विद्यालय से 5 छात्र-छात्राओं के ऑनलाइन नामांकन के पूर्व तैयारी की सूचना यहां दर्ज करें। अपने स्कूल के लिए Idea box slip यहां से प्राप्त करें। Loading…

History of Garhwal: मुगलों की नाक काटने वाली गढ़वाल की रानी कर्णावती, इतिहास के पन्नों में दर्ज है 'नक कट्टी रानी' की वीरता।

 इतिहास में कर्णावती नाम की दो रानियों का उल्लेख मिलता है। जिनमे एक चित्तौड के शासक राणा संग्राम सिंह की पत्नी थी। जिन्होंने अपने राज्य को गुजरात के सुल्तान बहादुर शाह के हमले से बचाने के लिए मुगल बादशाह हुमायूं को राखी भेजी थी, जबकि दूसरी थी गढ़वाल की रानी कर्णावती। इतिहास में गढवाल की रानी का उल्लेख 'नक कट्टी राणी' यानी नाक काटने वाली रानी के नाम से मिलता है। गढ़वाल की इस रानी ने पूरी मुगल सेना की सचमुच नाक कटवायी थी। कई इतिहासकारों ने इस रानी का उल्लेख नाक काटने वाली रानी के रूप में किया है।     गढ़वाल की रानी कर्णावती ने गढ़वाल में अपने नाबालिग बेटे पृथ्वीपतिशाह के बदले उस समय शासन की बागडोर खुद  संभाल ली थी, जब दिल्ली में मुगल सम्राट शाहजहां का साम्राज्य फलफूल रहा था। शाहजहां के कार्यकाल पर बादशाहनामा या पादशाहनामा लिखने वाले अब्दुल हमीद लाहौरी ने भी गढ़वाल की इस रानी का जिक्र किया है। शम्सुद्दौला खान ने 'मासिर अल उमरा' में गढ़वाल की रानी कर्णावती  का उल्लेख किया है। उधर इटली के लेखक निकोलाओ मानुची जब सत्रहवीं सदी में भारत आये थे तब उन्होंने शाहजहां के पुत्र औ...

Uttarakhand NMMSS 2022 का परिणाम हुआ घोषित, इन विद्यार्थियों को अब मिलेगी हर माह ₹1000 की छात्रवृत्ति,

 नेशनल मींस  कम-मेरिट स्कॉलरशिप टेस्ट 2022 का प्रोविजनल परिणाम घोषित कर दिया गया है। यह परीक्षा 14 मार्च 2022 को राज्य के विभिन्न परीक्षा केंद्रों पर आयोजित की गई थी। राज्य शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद (एससीईआरटी) उत्तराखंड की वेबसाइट पर राज्य के सभी जनपदों के आवेदक छात्र छात्राओं के प्रोविजनल रिजल्ट की सूची अपलोड की गई है।  'हिमवंत' ई-पत्रिका से जुड़ने और अपनी लेख प्रकाशित करने के लिए यहां क्लिक करें।     नेशनल मींस कम मेरिट स्कॉलरशिप टेस्ट यानी एन एम एम एस एस प्रवेश परीक्षा के परिणाम औपबंधिक रूप से घोषित कर दिए गए हैं राज्य शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद द्वारा उत्तराखंड के विभिन्न परीक्षा केंद्रों मी या परीक्षा मार्च के महीने में आयोजित करवाई गई थी। परीक्षा में पास हुए विद्यार्थियों को अब चार साल तक प्रति माह एक हजार रुपये छात्रवृत्ति मिलेगी। School Education Uttarakhand: अटल उत्कृष्ट विद्यालयों के शिक्षक अनिवार्य स्थानांतरण के दायरे से होंगे बाहर, दुर्गम विद्यालयों के बराबर मानी जाएगी इन विद्यालयों की सेवा, उत्तराखंड के सरकारी विद्यालयों में स्...

School Education Uttarakhand: अटल उत्कृष्ट विद्यालयों के शिक्षक अनिवार्य स्थानांतरण के दायरे से होंगे बाहर, दुर्गम विद्यालयों के बराबर मानी जाएगी इन विद्यालयों की सेवा

उत्तराखंड के सरकारी विद्यालयों में शिक्षकों के स्थानांतरण की कवायद शुरू हो गई है। वर्षों से एक ही स्थान पर दुर्गम और सुगम विद्यालयों में तैनात शिक्षक जहां अनिवार्य स्थानांतरण की जद में आ रहे हैं वहीं राज्य के सभी 189 अटल उत्कृष्ट इंटर कॉलेजों के शिक्षकों को अनिवार्य स्थानांतरण के दायरे से बाहर रखते हुए इन विद्यालयों के शिक्षकों को दुर्गम की सेवा का लाभ मिलना भी तय माना जा रहा है। 'हिमवंत' ई-पत्रिका से जुड़ने और अपनी लेख प्रकाशित करने के लिए यहां क्लिक करें।     लंबे समय से ट्रांसफर की की आस लगाए बैठे शिक्षकों के लिए अच्छी खबर है। विद्यालयी शिक्षा विभाग द्वारा शिक्षकों के विभिन्न श्रेणियों के अंतर्गत स्थानांतरण की कवायद शुरू हो गई है। शासन के निर्देशों पर विभाग द्वारा स्थानांतरण के लिए तय समय सारणी के अनुसार इन दिनों शिक्षक अनिवार्य तथा अनुरोध के आधार सहित विभिन्न वर्गों के अंतर्गत स्थानांतरण के लिए आवेदन कर रहे हैं। सुगम श्रेणी के विद्यालयों में लंबे समय से तैनात शिक्षकों का अनिवार्य स्थानांतरण के अंतर्गत जहां दुर्गम क्षेत्रों के विद्यालयों में ट्रांसफर होना तय माना जा रहा है ...

SCERT Uttarakhand: ज्ञानांकुरण कार्यक्रम के अंतर्गत मई माह के लिए निर्धारित कोर्सेज से जुड़ने और ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन के लिए यहां क्लिक करें-

SCERT Uttarakhand: ज्ञानांकुरण कार्यक्रम के अंतर्गत मई माह के लिए निर्धारित कोर्सेज से जुड़ने और ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन के लिए यहां क्लिक करें- Month- May, 2022 SCERT’s Google Form – Click here Uttarakhand Student Course Program - English Medium Class 6 Science UK_GYANANKURAN - Science (Chapter 2, Class 6) - Student Course - Components of Food https://diksha.gov.in/learn/course/do_31353530815249612812069  Maths UK_GYANANKURAN - Mathematics (Chapter 2, Class 6) - Student Course - Whole Numbers https://diksha.gov.in/learn/course/do_31353528358198476812003   Class 7 Science UK_GYANANKURAN - Science (Chapter 2, Class 7) - Student Course - Nutrition In Animals https://diksha.gov.in/learn/course/do_31353534787821568012367   Maths UK_GyananKuran - Mathematics (Chapter 2, Class 7) - Student Course - Fractions and decimals https://diksha.gov.in/learn/course/do_31353534179076505611413     Class 8 Science UK_GYANANKURAN - Science (Chapter 2, Class 8) - Student Co...

Gyanankuran: एससीईआरटी उत्तराखंड ने राज्य के विद्यालयों से मांगी ज्ञानांकुरण कार्यक्रम की प्रगति आख्या, मई माह के ज्ञानांकुरण कोर्सेज से विद्यार्थियों को यहां जोड़ें

 एससीईआरटी उत्तराखंड द्वारा राज्य के सभी उच्च प्राथमिक और माध्यमिक विद्यालयों को ज्ञानांकुरण कार्यक्रम की प्रगति आख्या मांगी गयी है। इस कार्यक्रम की अंतर्गत कक्षा 6 से कक्षा 10 तक अध्ययनरत राज्य के सभी विद्यार्थियों के लिए एससीईआरटी द्वारा दीक्षा पोर्टल पर गणित व विज्ञान विषयों के कोर्सेज उपलब्ध करवाए गए हैं। एससीईआरटी ने सभी जिलों के मुख्य शिक्षा अधिकारियों के माध्यम से विद्यालयों से इन कोर्सेज में बच्चों की प्रगति की आख्या मांगी है। SCERT Uttarakhand Gyanankuran: क्या है ज्ञानांकुरण कार्यक्रम? पूरी प्रक्रिया समझने के लिए यहां करें क्लिक-     उल्लेखनीय है कि राज्य शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद उत्तराखंड द्वारा कक्षा 6 से 10 वीं तक पढ़ने वाले विद्यार्थियों के लिए दीक्षा पोर्टल पर गणित और विज्ञान विषयों के कोर्सेज के कंटेंट तैयार किए गए हैं। अप्रैल माह से दीक्षा पोर्टल पर संचालित होने वाले यह कोर्सेज फरवरी 2023 तक पूरे होंगे। इन कक्षाओं के छात्र छात्राओं को अप्रैल में दीक्षा पोर्टल पर रजिस्टर्ड किया जा चुका है। कार्यक्रम की व्यापक सफलता के लिए अप्रैल में एससीईआरटी द...

95 वर्षीय बुजुर्ग चन्द्रमादेवी उनियाल के निधन पर अनेक लोगों ने व्यक्त की संवेदनाये।

देहरादून धर्मपुर निवासी 95 वर्षीय वयोवृद्ध महिला चंद्रमा देवी उनियाल का हृदयाघात से निधन हो गया है। वृद्धा के निधन पर अनेक लोगों ने शोक संवेदनाये व्यक्त की है।       देहरादून के धर्मपुर प्रगति विहार निवासी 95 वर्षीय बुजुर्ग महिला चन्द्रमा देवी उनियाल का हृदयाघात से निधन हो गया है। मूलरूप से ग्राम कोलधार, भौडी पट्टी मखलोगी जनपद टिहरी गढ़वाल निवासी स्वर्गीय रामप्रसाद उनियाल की धर्मपत्नी चन्द्रमा देवी विगत कई वर्षों से धर्मपुर अपने परिजनों के साथ रह रही थी। उनकी बहू राजेश्वरी उनियाल ने बताया  कि पिछले कुछ दिनों से वह अस्वस्थ्य थी और मंगलबार को हृदयाघात से उनका निधन हो गया है। बुजुर्ग अपने पीछे दो बेटों का भरापूरा परिवार छोड़ गई हैं। उनके निधन पर अनेक लोगों ने शोक संवेदनाये व्यक्त की हैं।

नई टिहरी के इस नामी निजी स्कूल के खिलाफ फूटा अभिभावकों का गुस्सा, पुनः प्रवेश शुल्क सहित कई अनियमितताओं की शिकायत पर स्कूल आया प्रशासन के निशाने पर।

  Private schools arbitrariness: नई टिहरी में निजी स्कूलों की मनमानी के खिलाफ अभिभावकों का आक्रोश फूट पड़ा है। सरकार के तमाम प्रयासों के बाद निजी विद्यालयों की मनमानी पर रोक नहीं लग पा रही है। नई टिहरी के एक नामी निजी स्कूल द्वारा पुनः प्रवेश शुल्क लिए जाने सहित कथित मनमानी को लेकर अभिभावकों की शिकायत पर प्रशासन ने कड़ी फटकार लगाई है।  नई टिहरी के ऑल सेंट्स कान्वेंट स्कूल द्वारा नए सत्र में अपने सभी पुराने छात्र छात्राओं से अगली कक्षा में पुनः प्रवेश शुल्क लिए जाने सहित कई अनियमितताओं को लेकर अभिभावकों का गुस्सा फूट पड़ा है। अभिभावकों द्वारा विद्यालय की मनमानी की शिकायत मंडलीय अपर शिक्षा निदेशक महावीर सिंह बिष्ट से की गई है, जिस पर अपर निदेशक द्वारा टिहरी के मुख्य शिक्षा अधिकारी से विद्यालय की अनियमितताओं की जांच करने के निर्देश दिए गए। इसके साथ ही अभिभावकों द्वारा गत सप्ताह जिलाधिकारी ईवा श्रीवास्तव से भी निजी विद्यालयों की मनमानी पर प्रभावी रोक लगाने की मांग की गई। जिलाधिकारी द्वारा प्रकरण की जांच उप जिलाधिकारी अपूर्वा सिंह को सौंपने पर आज उप जिलाधिकारी ने अभिभावकों के शिष्टम...

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